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Waqt · 1965
Lyrics
ऐ मेरी ज़ोहरा जबीं तुझे मालूम नहीं तू अभी तक है हसीन और मैं जवान ऐ मेरी ज़ोहरा जबीं
ये निगाहें ये अदा मुझे पागल बना दे ऐ मेरी ज़ोहरा जबीं तुझे मालूम नहीं